युवाओं को अपना लक्ष्य निश्चित करना होगा।
युवाओं को अपना लक्ष्य निश्चित करना होगा। इससे पहले की आज का दिन भी अस्त हो जाए आप अपना लक्ष्य निश्चित कर ले क्योंकि हमारे जीवन में एक लक्ष्य का होना बेहद ज़रूरी हैं। स्वामी विवेकानंद ने कहा है कि उठो! जागो और तब तक नहीं रुकना जब तक कि लक्ष्य हासिल न हो। आज दुनिया में जितने भी लोकप्रिय लोग हैं उन सभी ने अपने जीवन में एक लक्ष्य सोचा और प्रतिदिन उसपर कार्क या। उदाहरण के लिए - डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम। मैंने अभी तक जितनी प्रेरणादायक किताबें पढ़ी हैं उन सभी में एक चैप्टर समान हैं और वो हैं लक्ष्य के बारे में। उन किताबों के लेखकों ने अनगिनत उदाहरण देकर बड़े अच्छे से बताया और समझाया हैं कि हमारे जीवन में एक निश्चित लक्ष्य का होना कितना महत्वपूर्ण हैं। हमारा लक्ष्य अर्जुन की तरह सटीक होना चाहिए। सिर्फ़ और सिर्फ़ चिड़िया की आँख न कि पेड़, पत्ते, टहनियां, चिड़ियां आदि दिखे। ट्रेन स्टेशन पर देरी से पहुँचती है मगर पहुँच ज़रूर जाती हैं क्यों ? क्योंकि उसे अपना लक्ष्य पता हैं।...